चिकेन स्टीक्स

निरर्थक मुर्गियों के मांस का प्रयोग कर पुनर्रचित चिकेन स्टीक्स को विकसित करने के लिए प्रौद्योगिकी को मानकीकृत किया गया है। ऊतक युक्त सोया प्रोटीन तथा दूध सह अवक्षेप (प्रिसीपीटेंट) का संयोजन वर्द्धक के रूप में बहुत अच्छा पाया गया तथा चिकेन स्टीक्स बनाने में इसको 30ः तक मिलाया जा सकता है। पैकिंग एवं भण्डारण अध्ययनों से पता चला है। कि वैकुम पद्धति द्वारा पैक किए गए स्टीक्स रेफ्रिजरेशन स्थिति में 9 दिन तक रखे जा सकते है। जब कि न्यून घनत्व की पाॅलीथीन (एलडीपीई)उ की थैलियो में पैक कर इसे उसी स्थिति में 6 दिन तक सुरक्षित रखा जा सकता है। दोनो विधियों से पैक किए गए स्टीक्स को फ्रोजेन भण्डारण (-18±1o सें.) स्थिति में 60 दिन तक सुरक्षित रखा जा सकता है। फिर भी भण्डारण के दौरान वैकुम पद्धति द्वारा पैक किए गए स्टीक्स सर्वोत्तम और स्वीकार्य पाये गये है।

मिक्सड चिकेन लोफ

मिक्सड चिकेन लोफ को कड़कनाथ के काले मांस और ब्रायलर मांस को मिलाकर इस प्रकार तैयार किया जाता है कि वह देखने में सुन्दर लगे तथा खाने में देशी मुर्गी के मांस का स्वाद दे। अनुसंधानों से पता चला है कि मांस के स्थान पर दाल को बाईन्डर की तरह प्रयोग करने तथा उसमे 5ः हाइड्रोजेनेटेड वसा को मिलाने से संवेदी मूल्यांकन पैनलों द्वारा उत्पाद को अच्छी श्रेणी प्रदान की गई । भौतिक रासायनिक,सूक्ष्म-जैविकीय तथा आर्गेनोलेप्टिक तथ्र्यो का मूल्यांकन करने पर यह पाया गया कि उत्पाद को फ्रीजिंग तापमान (-10o सें.) पर 5 माह तक खाने योग्य सुरक्षित रखा जा सकता है।

मैरीनेटेड चिकेन ब्रेस्ट फिलेट्स

स्वादिष्ट,गर्म तथा परोसने के लिए तैयार चिकेन बे्रसटि फिलेट्स को तैयार करने के लिए मैरीनेशन तथा प्रसंस्करण तकनीकों को मानकीकृत किया गया। मैरीनेड (घोल रूप में मांस का मिश्रण) में अनाज का स्टार्च,साधारण नमक, साइट्रिक्स एसिड, पाॅलीफास्फेट तथा मसालों के मिश्रण शामिल है। इस उत्पाद को तैयार करने की विकसित विधि के अन्तर्गत मिश्रित मैरीनेड घोल में ब्रायलर बे्रस्ट फिलेट्स को उलट-पुलट कर मिलाना होता है। उलटने-पलटने के अतिरिक्त दूसरे तरीके द्वारा मैरीनेशन के बाद फिलेट्स को 60 मिनट तक ब्लेंडर से मुलायम करने से तैयार उत्पाद गुणवत्तायुक्त होगा। तैयार उत्पाद को एल्यूमिनियम फाॅइल (पीएफपी) की लैमिनेट की गई थैलियों में वैकुम अथवा नाइट्रोजन गैस में पैक कर प्रशीतन (4±1oसें.) तथा फ्रोजेन (-18 सें.) स्थितियों में क्रमशः 3 सप्ताह तथा 3 महीने तक सुरक्षित रखा जा सकता है। इसके अतिरिक्त एरोबिक विधि से पैक किए गए उत्पाद की शेल्फ अवधि क्रमशः 8 तथा 45 दिनों तक सुरक्षित पाई गई।

एग-मीट पैटीज

अण्डा उत्पाद उद्योगों के लिए अण्डे में मांस मिलाकर उत्पाद बनाना कोई नई बात नहीं है। इस प्रकार के उत्पाद बहुत से विकसित देशों में लोकप्रिय है। इसी क्रम में, एग पैटीज बनाने में कीमा मुर्ग मांस को मिलाकर एग-मीट पैटीज को सफलतापूर्वक तैयार किया गया है। एग-मीट पैटीज बनाने के दौरान अन्य अवयवों के रूप में ऊतकयुक्त सोया आक आटा, मिश्रित मसाले प्याज अदरक का पेस्ट एवं साधारण नमक का प्रयोग किया जाता है। इस अत्यधिक रूचिकर व्यंजन को रेफ्रिजरेशन स्थिति (5±1o सें.) में 14 दिनों तक तथा फ्रोजेन स्थिति में (-18±1o सें.) में 10 दिनों तक सुरक्षित रखा जा सकता है।

चिकेन साॅसेज

चिकेन साॅसेज को तैयार करने में निरर्थक/बेकार मुर्गियों का प्रयोग किया जाता है,जो बहुत ही लाभदायक है। इस व्यंजन को और इसे तैयार करने की विधि को प्रयोगशाला में मनकीकृतक करा लिया गया है।चिकेन साॅसेज में मुख्यतः 50-60ः मांस, 7 -15ः वसा तथा 5-10ः बाईन्डर होते है। इसके अतिरिक्त इसमें अन्य खाद्य वर्द्धक,परिरक्षक तथा मौसमी चीजें भी होती है। तैयार उत्पाद को विभिन्न तरीकों से पकाया जाता है, जिसे संवेदी मूल्यांकनों के दौरान विभिन्न पैनलों द्वारा अत्यधिक स्वादिष्टता की श्रेणी प्रदान की गई रेफ्रिजरेशन तापमान (40 सें.) पर इस उत्पाद को 7 दिनों तक तथा फ्रोजेन स्थिति (-18 सें.) के अन्तर्गत 3 महीने तक सुरक्षित रखा जा सकता है। इस उत्पादन बाजार में अपना एक महत्वपूर्ण स्थान बना लिया है।

चिकेन पैटीज

चिकेन पैटीज को बेकार मुर्गियों (स्पेन्ट हेन) के मांस से तैयार किया जाता है। इस व्यंजन को मानकीकृत करा लिया गया है। अध्ययनों से पता चला है। कि इस उत्पाद को तैयार करने में मुर्गवसा को 12 प्रयोग किया जा सकता है। पकने से पूर्व चिकेन पैटीज को रेफ्रिजरेशन स्थिति (40सें.) में 10 दिनों तक तथा फ्रोजेन स्थिति (-18 सें.) में 60 दिन तक सुरक्षित रखा जा सकता है।

इन्टरमीडिएट माॅइस्चर चिकेन मीट

कमरे के तापमान पर भण्डारित करने के लिए इन्टरमीडिएट माॅइस्चर चिकेन मीट (अर्द्धशुष्क मुर्ग मांसं) को तैयार करने की एक सुविधाजनक मिश्रित घोल तथा प्रसंस्करण प्रौद्योगिकी का मानकीकरण किया गया है। इस मिश्रित घोल व्यंजन में साधारण नमक की तरह ह्यूमेक्टेन्ट्स, ग्लाइसरोल तथा चीनी, ट्राईसोडियम साइट्रेट, एसटीपीपी तथा सोडियम बेन्जोएट शामिल है। उत्पाद को तैयार करने की मानकीकृत प्रसंस्करण विधि में ह्यूमेक्टेन्ट्स तथा हर्डिल प्रौद्योगिकी का मिला जुला रूप प्रयोग किया जाता है, जैसे-सांसाधित मुर्ग मांस को लैक्टिक एसिड की 2 प्रतिशत मात्रा में 2 मिनट तक डुबोकर रखना, मुर्ग मांस को टुकडों में काटना, मिश्रित घोल में उसे 12 घण्टे तक भिगोकर रखना तथा ओवन (80±2o सें.) में सुखाने के 4 घण्टे पहले उस पर हल्दी तथा लहसुन का लेप लगाना आदि शामिल है। तैयार उत्पाद को फ्लेक्सीबिल एचडीपीआई की थैलियों में पैक कर कमरे के माध्य तापमान (24o सें.) पर दो माह तक सुरक्षित रखा जा सकता है।

चिकेन मीट स्प्रेड

पकाने से पूर्व, हड्डी रहित तथा छाटी गई मुर्गियों (स्पेन्ट हेन) के कीमा मांस (85 प्रतिशत) में अन्न के स्टार्च, अण्डे की जर्दी, मसालों तथा स्वीकृत खाद्य योजकों को मिलाकर चिकेन मीट स्प्रेड तैयार करने की विधि विकसित की गई है। संक्षेप में, इस प्रक्रिया में, मांस मिश्रण में पेय जल (20%) को मिलाना शामिल है, जिससे पैकिंग करने के पहले इसके विस्तारण/फैलाव में सुधार हो सके तथा स्टार्च के श्लेषीकरण एवं मिश्रित उत्पाद के स्थानीयकरण के लिए (78±1o सें.) तथा जमी हुई (-18±सें.) भण्डारण स्थितियों में क्रमशः 12 तथा 60 दिनों तक सुरक्षापूर्वक भण्डारित किया जा सकता है।  

चिकेन गिजार्ड पिकिल

अन्य फास्ट फूड की तुलना मं चिकेन गिजार्ड पिकिल एक सस्ता फास्ट फूड है और उसे कमरे के तापमान पर लम्बे समय तक सुरक्षित रखा जा सकता है। छोटे उद्यमी भी इसको तैयार कर बाजार में बेच सकते है तथा लाभ कमा सकते है। इसके उत्पादन में बहुत कम पूॅजी निवेश करने की आवश्यकता होती है। गिजार्ड पिकिल (तेल आधारित तथा सिरका आधारित) में लगभग 22% क्रूड प्रोटीन तथा 9 से 10% कुल लिपिड होता है। इसके अतिरिक्त,परिकलित कैलोरिक उत्पादन 262 (सिरका आधारित) से 282 (तेल आधारित) तक था। इस उत्पाद को गर्मी तथा वर्षा ऋतु में परिवेशी तापमान (34o सें.) पर 45 दिन तक सर्दी ऋतु में (26o सें.) तापमान पर 75 दिन तक सुरक्षित रखा जा सकता है।

कुक्ड चिकेन रोल

कुक्ड चिकेन रोल एक नवीन/अदभूत, खाने के लिए बिल्कुल तैयार फास्ट फूड है। इसे खाने पूर्व थोड़ा़ गरम करने की जरूरत होती है। इसे तैयार करने की विधि कट-कास्ट प्रौद्योगिकी पर आधारित है तथा भुने हुए चने के आटे के प्रयोग द्वारा पौषणिक मान से समझौता किए बिना यह उत्पाद तैयार किया जाता है। उत्पाद को जमाव तापमान (-18±1सें.) के अन्तर्गत 4 सप्ताह तक तथा रेफ्रिजरेशन तापमान (4±1o सें.) के अन्तर्गत 2 सप्ताह तक सुरक्षापूर्वक रखा जा सकता है। विपणन के प्रकार तथा स्थान के आधार पर उत्पादन लागत का 40 से 60 प्रतिशत तक लाभ मिल सकता है।

चिकेन-स्किन मीट कटलेट

यह उत्पाद पूरी तरह से पृच्छ -रहित मुर्गी की त्वचा को 30 प्रतिशत तक कीमा मांस (70 प्रतिशत) के साथ मिलाकर तैयार किया जाता है। चिकेन स्किन मीट कटलेट को तैयार करने की विधि को मानकीकृत कराया जा चुका है। इस उत्पाद काे प्रशीतन (4±1o सें.) स्थिति में 14 दिन तथा फ्रोजेन (-18o सें.) स्थिति में 28 दिनों तक सुरक्षित रखकर उपभोग किया जा सकता है।

स्पेन्ट हेन मीट ब्लाॅक

कम उत्पादन वाली (अनुत्पादक) छाटी गई मुर्गियों (स्पेन्ट हेन) के उचित निपटान के लिए लेयर उद्योग ने एक उप उत्पाद तैयार करने की विधि विकसित की है। अस्थिभंग कर हेन मीट ब्लाॅक तैयार करने की प्रक्रिया-तकनीक को मानकीकृत किया गया। स्पेन्ट हेन मीट ब्लाॅक उप-उत्पाद तैयार करने के लिए स्पेन्ट हेन कीमा मांस 60 प्रतिशत, त्वचा 15 प्रतिशत,गिजार्ड तथा हृदय को प्राकृतिक अनुपात मे जमावकों/विस्तारकों,खाद्य तेलों, उचित मसालों तथा पाॅलीफास्फेट 5 प्रतिशत के साथ मिलाकर तैयार किया गया। मिश्रित मांस को थोडा़ सा अम्लीकृत करने (0.4 प्रतिशत लैक्टिक एसिड) से बिना खट्टा किए इसके पीएच में कमी करने में लाभदायक पाया गया। इस उचपार के परिणाम स्वरूप इस उप-उत्पाद की प्रशीतित (5±1o सें.) शेल्फ अवधि 15 दिनों तक बढी़ हुई पाई गई, जब कि कार्बनिक अम्ल को मिलाए बिना इसकी शेल्फ अवधि 10 दिन थी।

चिकेन चुंकालोना

स्पेन्ट हेन (छाटीगई मुर्गियों) की कीमा मांस (60 प्रतिशत) पी-मैरीनेटेड कोमल ब्रायलर मांस के टुकड़े (25 प्रतिशत) में जमावकों/विस्तारकों तथा उचित मसालों को मिलाकर आशाजन स्वादिष्ट मुर्ग मांस चुंकालोना तैयार करने की विधि विकसित की गई। उत्पाद को शोधनीय 3 परत की लैमिनेट(पाॅलिस्टर/फाॅयल/पीपी) की थैलियों में पैक किया गया और उनका शोधन प्रसंस्करण (1 कि.ग्रा./सेमी2 ; 30 मिनट) सूक्ष्म जैविकीय रूप से सुरक्षित पाया गया तथा परिवेशी तापमान (25o सें.) में भण्डारण के अन्तर्गत 2 सप्ताह तक शेल्फ अवधि अच्छी पाई गयी।

कुक्ड चिकेन स्टाॅक

यह एक तात्कालिक उपभोग किया जाने वाला मुर्ग मांस उत्पादन है जिसे चिकेन करी व्यंजन में मिलाकर पुनः तैयार किया जा सकता है। इस उत्पाद को साधारण, एल्यूमिनियम फाॅइल की लैमिनेट की हुई थैलियों में पैक करके रेफ्रिजरेशन स्थिति (5o सें.) में 14 दिन तक तथा फ्रोजेन (-18o सें.) स्थिति में 28 दिन तक सुरक्षित रखा जा सकता है।

चिकेन गिजार्ड स्नैक्स

कम लागत के सुविधाजन कुक्कुट मांस उत्पादन विकसित करने के क्रम में चिकेन गिजार्ड स्नैक्स तैयार करने की लनागत प्रभावी विधि को मानकीकृत किया गया। इस स्नैक्स को मध्यम जलय लहसुन सत्व के 8 प्रतिशत भाग को मिलाकर तैयार किया गया,जिसे रेफ्रिजरेशन (4±1o सें.) तथा जमाव (-18o सें.) तापमानों में 18 तथा 35 दिन तक सुरक्षित रखा जा सकता है।

मुर्गियों को बिजली की सहायता से अचेत करना

वध से पूर्व मुर्गियों को बिजली की सहायता से अचेत करना कुक्कुट कल्याण के संबंध में एक महत्वपूर्ण तथ्य है। इस प्रकार, मुर्गियों को शिरोपरि वाहक पंक्ति के द्वारा अचेतक सैलाइन (1 प्रतिशत) युक्त पानी डालकर प्रभावशाली वध स्थितियों पर अध्ययन किया गया। इससे स्पष्ट होता है कि ब्रायलर मुर्गियों तथा छाँटी गई मुर्गियों को उचित रूप से अचेत करने के लिए प्रभावशाली वोल्टेज क्रमशः 70 वो. तथा 80 वो.है। वोल्टेज की इस निर्धारित मात्रा से मुर्गियाँ 14 सेकेण्ड मे अचेत हो जाती है। तथा उनके मांस लोथ एवं मांस गुणवत्ता पर कोई प्रतिकूल प्रभाव नहीं पड़ता है।

प्राकृतिक परिरक्षकों द्वारा मुर्ग मांस की भण्डारण अवधि में वृद्धि

मुर्ग मांस कीमा को 4 प्रतिशत लहसुन के सत्व (अर्क) अथवा 2 प्रतिशत दालचीनी के पाउडर अथवा 0.25 प्रतिशत लौंग के तेल में उपचारित करने से इसकी भण्डारण अवधि में परिवेशी (27-34o सें.) तापमान पर 6 से 12 पाउडर से उपचारित करने से इसकी भण्डारण अवधि में प्रशीतन (4±1o सें.) स्थिति में 8 दिन तक वृद्धि की जा सकती है। इसी प्रकार संसाधित मुर्ग मांस को 4 प्रतिशत दालचीनी के घोल में डुबोने से 12 घण्टे तक परिवेशी (18-20o सें.) तापमान और 10 दिन तक प्रशीतन तापमान (4±1o सें.) में सुरक्षित रखा जा सकता है।

कुक्कुट उप-उत्पाद से निर्मित पालतू जानवरों (कुत्तों) के लिए आहार

पालतू कुत्तों के लिए कुक्कुट के अखाद्य भाग या नापसंद भाग को पोशक तथा अत्यधिक स्वादिष्ट रूप में बदलने के लिए एक कम लागत की साधारण तथा उपयुक्त तकनीकी विकसित की गई है। संक्षेप में, इस प्रक्रिया के अन्तर्गत पहले सभी ताजा अखाद्य मुर्ग भाग (पंखो को छोड़कर) तथा जिबलेट्स (हृदय,गिजार्ड और यकृत) को एकत्र किया जाता है और उन एकत्र किए हुए उप-उत्पादों को 1कि.ग्रा./सेमी2 दबाव पर 30 मिनट तक तथा रक्त जमाने के लिए 10 मिनट तक आॅटोक्लेव किया जाता है। आॅटोक्लेव सामग्री तथा जमे हुए रक्त को अच्छी तरह मिश्रित कर ओवन (70o तापमान पर 16 घण्टे तक सें.) में सुखाना चाहिए। उसके बाद उसे पीसकर उसमें आॅक्सीडेंट के रूप में 0.02 प्रतिशत बीएचए को मिलाकर सिविंग करके एलडीपीई 300 गाॅज की थैलियों में पैक कर कुक्कुट उप-उत्पाद आहार तैयार करना चाहिए इस कुक्कुट उप-उत्पाद आहार को 15 प्रतिशत स्तर तक लीकर एग लिक्विड (20 प्रतिशत), बेकरी अपशिष्ट (20 प्रतिशत), मक्के का आटा (24 प्रतिशत), गेहूं का आटा (10 प्रतिशत), वसा सहित सोयाबीन का आटा (5 प्रतिशत), सोयाबीन का तेल (5 प्रतिशत), साधारण नमक (1 प्रतिशत), तथा स्वीकृत खाद्य योजकों (0.02 प्रतिशत बीएचए), 0.5 प्रतिशत एसटीपी, 0.2 प्रतिशत साइट्रिक विटामिन्स तथा खनिज मिश्रण में मिलाकर मोटी लोई बना लेना चाहिए ।लगभग 1.5 से.मी. मोटी इस लोई को स्टेनलेस स्टील की ट्रे में फैलाकर ओवन में अधिक तापमान (100±1o सें.) पर सुखाना चाहिए तथा फिर आयताकार में छोटे छोटे बिस्कुट के रूप में काट लेना चाहिए । इस प्रकार तैयार उत्पाद मे लगभग 95 प्रतिशत डीएम, 23.7 प्रतिशत क्रूड प्रोटीन, 18 प्रतिशत वसा,52 प्रतिशत एनएफई 4.8 प्रतिशत राख,0.77 प्रतिशत कैल्शियम,0.70 प्रतिशत फाॅस्फोरस ,0.82 प्रतिशत लाईसिन ,0.51 प्रतिशत मिथियोनिन तथा 4.2 कि. कैलोरी/ग्रा. एम.ई.पाया गया है। एक वयस्क पालतू कुत्ते को इस आहार की 100 ग्रा.मात्रा खिलाने से पालतू कुत्तों के लिए आवश्यक एम.ई. सी.पी.,कैल्शियम फाॅस्फोरस,उपलब्ध लाईसिन तथा मिथियोनि की दैनिक आवश्यकता की 50 से 60 प्रतिशत तक पूर्ति हो सकती है। इस आहार की कीमत लगभग 15 रू0 प्रति कि.ग्रा. आती है।

छंटाई गई मुर्गियों के मांस का कोमलीकरण

इस प्रक्रिया में छंटाई की गई मुर्गियों/निकृष्ट प्रजनक मुर्गियों को 0.05 प्रतिशत पेपेन अथवा 0.075 प्रतिशत ट्राइप्सिन के साथ 1 प्रतिशत सोडियम क्लोराइड तथा 0.05 प्रतिशत सोडियम ट्राइपोलीफास्फेट के घोल में 3 घण्टे तक डुबोकर निकाल लेना चाहिए। कोमलीकरण की यह प्रक्रिया व्यावसायिक रूप से अव्यवहारिक एवं भारी मुर्गियों को काटने के पहले इन्जाइमेटिक मिश्रण में अन्तः शिरा अथवा इंट्रापेरीटोनियल इंजेक्शन लगाने से और अधिक प्रभावी सिद्ध हुई है।

खाद्य सुरक्षा के मामले मे जैव तथा पादप संदूशकों का विश्लेषण

विश्व व्यापार संगठन व्यवस्था के अन्तर्गत खाद्य सुरक्षा के उभरते मुद्दों को ध्यान में रखते हुए कुछ रोगकारकों (सालमोनेल्ला टाईफीम्यूरियम, विषैले ई-कोलाई, काॅम्पीलोबेक्टर) का शीघ्र तथा संवेदनशीलता का पता लगाने के लिए पीसीआर आधारित आण्विक पद्धतियों को मानकीकृत किया गया तथा अम्लीकृत सोडियम क्लोराइड (3.5 पीपीएम) से उनको संदूषण रहित करने के लिए तकनीक विकसित की गई इसके अतिरिक्त उत्तर भारत के फार्मो तथा विपणन श्रृखलाओं से एकत्रित अण्डों के सूक्ष्म जैवीय विवरण का पता लगाया गया। इसके साथ-साथ कुक्कुट आहार, अण्डे तथा स्पेन्ट हेन के ऊतको में कुछ प्रभावशाली कीटनाशकों (बीएचसी, डीडीटी, एल्ड्रिन, डाईएल्ड्रिन मैलाथिआॅन, क्लोरोपाइरीफाॅस, मोनोक्रोटोफाॅस, डाईक्लोरोवायस) विषों तथा भारी धातुओं (लेड, आर्सनिक, काॅपर, कोबाॅल्ट तथा मोलीडेनम) के अवशिष्टों का पता लगाया गया तथा कीटनाशकों के अवशिष्टों को पकाकर कम करने की पद्धतिओं का पता लगाया गया। इन सभी अवशिष्टो का विश्लेषण किया गया तथा संबंधित अवशिष्टों की अधिकतम सीमा से कम पाया गया।

पेटेन्ट हुए उत्पाद

मेथड आॅफ प्रीपेरेशन आॅफ मस्टर्ड आयॅल बेस्ड चिकेन गिजार्ड पिकिल भारतीय पेटेन्ट संख्या 180509
मेथड आॅफ प्रीपेरेशन आॅफ विनेगर बेस्ड चिकेन गिजार्ड पिकिल भारतीय पेटेन्ट संख्या 183900
मेथड आॅफ प्रीपेरेशन आफ मिक्स्ड चिकेन लीफ भारतीय पेटेन्ट संख्या 184430
मेथड आॅफ प्रीपेरेशन आॅफ कुक्ड चिकेन स्टाॅक भारतीय पेटेन्ट संख्या 185748
मेथड आॅफ प्रीपेरेशन आॅफ कुक्ड चिकेन रोल भारतीय पेटेन्ट संख्या 188420
न्यूक्लिक एसिड एम्प्लीफिकेशन-एलील डिफरेंशिएटिंग रेस्ट्रिक्शन पैटर्न (एनए-एडीआरपी)-ए नोबेल मेथड फॅार डिटर्माइनिंग द एमएचसी जीनोटाइप आॅफ चिकेन आवेदित
ए प्रोसेसफाॅर प्रीपेरेशन आॅफ काॅपर कैडमियम एलाॅय फिलिंग्स फाॅर द डिटर्मिनेशन आॅफ नाइट्राइट एंड नाइटेªट  आवेदित